प्रश्नोत्तर P19-0029 · भाग 19
गुरु जी, मन का स्थान कहां है? कोई हृदय में बताता है, कोई मन को जड़ कहता है, कोई ज्योति स्वरूप।
कंप्यूटर का एरो (माउस पॉइंटर) देखो — पूरी स्क्रीन पर जहां ले जाओ जाता है, पर उसकी कोई फिक्स जगह बताओ? कुछ देर माउस छोड़ दो तो एरो गायब, फिर कुछ देखना हो तो तुरंत प्रकट। सिस्टम में इमेज, वीडियो, सेटिंग सबकी जगह है, एरो की कहीं नहीं। वैसे ही मन का कोई स्थान नहीं — कामनाओं से मुक्त होगे तो मन गायब, कुछ नहीं चाहिए तो मन खत्म; वह है भी, नहीं भी है। जड़ होता तो दिखता, किसी को मन दिखा? मन शरीर के लिए काम करने वाला इंडिकेटर है, आपके लिए नहीं — भूख लगी तो इच्छा न हो तब भी भोजन के लिए क्लिक-क्लिक करता रहेगा, बाथरूम लगी तो क्लिक-क्लिक। कबीर साहब ने मन को मित्र बताया — मन जैसा मित्र नहीं। एरो के चक्कर में पड़ोगे तो क्या होगा? उसे बदल नहीं सकते — एरो का उपयोग करो, जहां ले जाना है ले जाओ। और एरो कभी गंदा नहीं होता — कंप्यूटर पर अच्छा देखो या बुरा, गंदे आप होते हो; मन भी शुद्ध-अशुद्ध दोनों नहीं।
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वीडियो: स्वाभाविक आत्मा का गुण क्या है / #योगीजी_का_सत्संग · 2024-09-29