प्रश्नोत्तर P13-0118 · भाग 13
आपसे दो साल में जीवन का सार यही सीखा — पहले ईमानदारी, समर्पण, प्रारब्ध को सहन करना, फिर प्रयास-रहित हो जाना। क्या मैं ठीक जा रहा हूं?
सत्कर्म क्यों छोड़ रहे हो? जरूरतमंद की सेवा क्यों छोड़ रहे हो? यह ना छोड़ो। ईमानदारी, सत्कर्म — कंजूस ईमानदार भी मत बन जाओ, कोई मतलब नहीं होगा। पीछे का कटेगा कैसे, जब आप कुछ करोगे नहीं?
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वीडियो: 14 सुबह अपनों की कुटिया हरियाणा यमुना तट #योगी · 2026-10-07